
नाबार्ड के सहयोग से ओंकार सेवा संस्थान द्वारा केला रेशा में प्रशिक्षित नब्बे महिलाओं के लिए संस्थान के द्वारा दो प्रदर्शन इकाई की स्थापना कर दी गई है । विदित हो कि ओंकार सेवा संस्थान द्वारा 16 मार्च 2024 से 10 जून 2024 तक अमानीगंज विकास खंड की नब्बे महिलाओं को केला के रेशा से विभिन्न प्रकार के दैनिक उपयोगी सामान बनाने का प्रशिक्षण प्रदान किया गया था जिसके उपरांत यह सभी महिलाएं। सामान बना रही है था संस्था के द्वारा बिक्री सुनिश्चित कराई जा रही है । महिलाओं से केला रेशा से निर्मित उत्पाद जिसमें पूजा आसनी , कैरी बैग ,स्लीपर , योग की चटाई , लैपटॉप बैग सहित विभिन्न प्रकार के आकर्षक उत्पाद है ,जिन्हें संस्था के द्वारा लखनऊ ,कानपुर ,दिल्ली तथा हैदराबाद स्थित विभिन्न माल और व्यापारियों को भेजा जा रहा है तह कुछ उत्पाद स्थानीय स्तर पर भी बिक रहे है । जिन उत्पादों की सर्वाधिक मांग हैं उनमें पूजा आसनी , लैपटॉप बैग , स्लीपर तथा फाइल फोल्डर शामिल है । फाइल फोल्डर की विभिन्न सरकारी संस्थानों में बहुतायत से है । उत्पादों की निरंतर बिक्री से महिलाओं में काफी उत्साह है क्योंकि घर बैठे उनके लिए रोजी रोटी का पुख्ता इंतजाम नाबार्ड के सहयोग से हो चुका है । कार्यक्रम समन्वयक सूर्य कुमार त्रिपाठी ने बताया कि नाबार्ड के जिला विकास प्रबंधक कमलेश यादव के निर्देशन में खंडासा के पूरे दला तथा मानूडीह में प्रदर्शन इकाई की स्थापना की गई हैज़हन पर केला रेशा निष्कर्षण मशीन , केला रेशा कटर मशीन , केला रेशा से धागा बनाने की मशीन , सिलाई मशीन तथा हथकरघा मशीन लगाई गई है ।महिलाएं गृहस्थी का कार्य पूरा करके केंद्र पर आकर ऑर्डर के उत्पादों को तैयार करती है । शीघ्र ही सभी नब्बे महिलाओं के घरों पर हथकरघा मशीन तह वर्किंग शेड उत्तर प्रदेश वस्त्र उद्योग विभाग के सहयोग से स्थापित कराया जाएगा । आज नाबार्ड के जिला विकास प्रबंधक कमलेश यादव प्रदर्शन इकाई का अवलोकन करने के लिए आए थे। सभी महिलाओं का हस्तशिल्प कार्ड बनवाने के आवेदन किया जा चुका है जिससे आने वे समय में उन्हें सरकार की विभिन्न योजनाओं का भी लाभ प्राप्त हो सकेगा । डी डी एम कमलेश यादव ने कहा कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण होने से यह एक विश्व स्तर का पर्यटन स्थल के रूप में स्थापित हो चुका है तथा अयोध्या में प्रतिदिन बाहर से लाखों की संख्या में श्रद्धालु और शैलानी आते है ,नाबार्ड उनकी जरूरतों को ध्यान में रखते हुए कुछ नए उत्पादों की डिजाइन राष्ट्रीय फैशन प्रौद्योगिकी संस्थान रायबरेली से करवा रही है जिससे हम बाजार के मुताबिक और आकर्षक उत्पाद ग्राहकों को उपलब्ध करवा सके , डी डी एम नाबार्ड कमलेश यादव ने सभी महिलाओं को R H 725 प्रजाति का राई बीज सभी महिलाओं को मुफ्त में प्रदान किया । आज के कार्यक्रम में संगीता मौर्य , कविता मौर्य , भानुमती , अलका सिंह ,गीता सिंह ,शिवानी शुक्ला , प्रेम कुमारी सहित लगभग पचास महिलाएं उपस्थित रही ।




